ALL Current events Technology Social RGPV Updates COVID-19
एक्सीलेंस कालेज को मिली SR-4 बस की सौगात
January 7, 2020 • Avi Dubey

तीन माह बाद एबीवीपी के आंदोलन की सफलता

SR-4 से एक्सीलेंस पहुंचे महापौर आलोक शर्मा
बस पास 300 करने की प्रक्रिया पूर्ण, आयुक्त के हस्ताक्षर बाकी

 अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के लगातार तीन माह के सतत्  ज्ञापन, आंदोलन, एवं धरना प्रदर्शनों के बाद मंगलवार को एक्सीलेंस महाविद्यालय तक SR-4 बस की सूविधा बहाल हो गई है। इस सुविधा को बहाल करने के लिए स्वयं महापौर आलोक शर्मा बस में बैठकर एक्सीलेंस महाविद्यालय पहुंचे और छात्रों को बस की सौगात दी। उधर महाविद्यालय के सभी छात्रों एवं प्राध्यापकों ने एक्सीलेंस के मुख्य द्वार पर एकत्रित होकर एबीवीपी द्वारा बस की इस सुविधा का स्वागत किया। इससे पहले छात्र चूनाभट्टी चौराहा से लगभग डेढ़ किलोमीटर पैदल चलकर एक्सीलेंस पहुंचते थे। इस सुविधा के लिए डायरेक्टर डॉ. एस एस विजयवर्गीय ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
ज्ञातव्य हो कि विगत वर्ष सितंबर में स्टूडेंट बस पास की बढ़ी हुई कीमतों को लेकर एवं एक्सीलेंस कालेज तक SR-4 की सुविधा बहाल कराने को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा माता मंदिर स्थित नगर निगम कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन किया गया था। प्रदर्शन की गंभीरता को देखते हुए महापौर आलोक शर्मा ने आंदोलन स्थल पर पहुंच कर स्टूडेंट पास की कीमतों को जल्द ही कम करने तथा एक्सीलेंस तक बस सुविधा बहाल करने का आश्वासन दिया था। इसी आश्वासन के चलते मंगलवार को महापौर स्वयं बस में बैठकर एक्सीलेंस पहुंचे।

इस दौरान महापौर आलोक शर्मा, बीसीएलएल के डायरेक्टर केवल मिश्रा एवम् विद्यार्थी परिषद् के पदाधिकारी मौजूद रहे। महापौर ने अपने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि कॉलेज के विद्यार्थियों ने एबीवीपी के बैनर तले जो आंदोलन किया था उसके परिणाम स्वरूप आज यह बस सेवा को चालू की गई है। इसके लिए विद्यार्थी परिषद धन्यवाद का पात्र है कि जिसने छात्रों की इस गंभीर समस्या को हम तक पहुंचाया। महापौर ने कहा कि छात्रों ने बस पास की कीमतों को कम करने की बात कही थी जो कि शाम तक पूरी हो जाएगी। बस पास पूर्वानुसार 300 रुपए में ही रीचार्ज किया जाएगा। बस पास की सारी प्रक्रिया पूरी चुकी है। केवल आयुक्त के हस्ताक्षर होना बाकी है। वह भी आज शाम तक हो जाएंगे।

 

यह सुविधा हमारे लिए कोई उपहार से कम नही है। हम छात्रों को रोजाना लगभग ढेढ़ किलोमीटर पैदल चलना पड़ता था तब हम महाविद्यालय पहुंच पाते थे। सड़क पर धड़ल्ले से दौड़ते वाहनों के कारण दुर्घटना की संभावना भी बनी रहती थी। बस सुविधा बहाल होने से हम सभी छात्र खुश हैं। पूर्व में भी इसकी मांग उठती रही है लेकिन यह सुविधा विद्यार्थी परिषद के कारण ही संभव हो पाई है। 

देवांश सोनी